नई दिल्ली – ये खबर देश के उन करोड़ों LPG उपभोगताओं के लिए है जिन्होंने अभी तक अपना Aadhar-based ई-केवाईसी नहीं करवाया है। दिन आप भी उन्हीं में से है तो आपको इस बात की जानकारी होना जरूरी है की अब बिना ओटीपी के आपके घर की रसोई में खाना बनाने के लिए गैस सिलेंडर नहीं पहुँचेगा ! जी हाँ तेल कंपनियों ने सभी उपभोक्ता का e – KYC अपडेट अनिवार्य कर दिया है; नियम न मानने पर गैस सिलेंडर की डिलीवरी अब रद्द कर दी जाएगी ।
सिलेंडर रिफिलिंग में क्या हुआ बदलाव?
- रिफिल लेने के लिए Aadhar-based ई-केवाईसी + डिलीवरी ओटीपी दोनों अनिवार्य
- सभी गैस एजेंसियों को तेल कंपनियों ने जारी किए सख़्त निर्देश – “नो ओटीपी, नो सिलेंडर”
- खाद्य विभाग ने पुष्टि की: 35-40% उपभोक्ता अभी भी केवाईसी से अछूते
क्यों उठाया गया कदम?
- कालाबाज़ारी रोकने—एक ही नाम पर बुक हो रहे थे कई सिलेंडर
- फर्ज़ी कनेक्शन पर लगाम—डेड-डेटा हटाकर सब्सिडी सिर्फ़ हक़दार तक
- पारदर्शिता—हर डिलीवरी का डिजिटल ट्रेल बने, रिफिल-इतिहास खुलेगा एक क्लिक पर
कब-कहाँ लागू?
- तत्काल प्रभाव से पूरे देशभर की सभी LPG एजेंसियों पर
- शहर हो या गाँव, नियम एक समान; डिलीवरी बॉय को ओटीपी दिखाना ही होगा
कैसे करें अपडेट?
- गैस एजेंसी कार्यालय जाएँ—आधार कार्ड + मोबाइल लेकर
- IVRS या एजेंसी काउंटर पर बायोमेट्रिक सत्यापन
- बुकिंग के बाद आए 6-अंकीय ओटीपी को डिलीवरी के वक़्त साझा करें
उपभोक्ताओं से अपील
ई-केवाईसी या ओटीपी में चूक हुई तो डिलीवरी रद्द। ज़िला खाद्य अधिकारी कौशल किशोर साहू: “अगले 15 दिन में सभी केवाईसी अपडेट करा लें; ताकि सिलेंडर रिफिलिंग में उपभोगताओं को किसी प्रकार की समस्या का सामना न करना पड़े ।”
ये भी पढ़े – गुड न्यूज़! राजस्थान के इस शहर को मिला 113 करोड़ की लागत से 55 नई सड़कों का तोहफा






