ताज़ा खबरें:

PM JANMAN Yojana: पीएम मोदी आज देंगे 1 लाख लोगों को योजना की पहली किस्त, जानिए किन्हें मिलेगा लाभ?

Jagat Pal

Follow Us

PM JANMAN Yojana Kist: केंद्र की मोदी सरकार ने पिछले साल प्रधानमंत्री जनजातीय आदिवासी न्याय महा अभियान (पीएम-जनमन) की शुरुआत की थी। पीएम जनमन योजना के तहत आज सोमवार यानी 15 जनवरी 2024 को पीएम नरेंद्र मोदी 1 लाख लाभार्थियों को 540 करोड़ रुपये की पहली किस्त जारी करेंगे । ये लाभार्थी वो है जो प्रधानमंत्री आवास योजना- ग्रामीण (PMAY-G) के दायरे में आते हैं।

‘पीएम जन मन योजना’ के तहत अन्तर्गत 4.90 लाख पक्के मकान देने का प्रावधान है। वहीं, प्रति मकान लागत 2.39 लाख रुपये है। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लाभार्थियों को सरकार सब्सिडी देती है। पीएम नरेंद्र मोदी आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इन लाभार्थियों को पहली किस्त जारी करेंगे। इस दौरान प्रधानमंत्री वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए योजना के लाभार्थियों से बातचीत भी करेंगे। 

क्या है PM JANMAN Yojana ?

2011 की जनगणना के अनुसार, भारत में अनुसूचित जनजाति (एसटी) की आबादी 10.45 करोड़ है, जिसमें 18 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के 75 समुदायों को विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों (पीवीटीजी) के रूप में पहचाना गया है। ये पीवीटीजी सामाजिक, आर्थिक और शैक्षिक क्षेत्रों में कमजोरियों से जूझ रहे हैं।

इस योजना के तहत इस जनजातीय समुदाय के विकास की कोशिश की जा रही है। योजना का उद्देश्य ऐसे परिवारों और बस्तियों को सुरक्षित आवास, स्वच्छ पेयजल और स्वच्छता जैसी बुनियादी सुविधाएं देकर शिक्षा, स्वास्थ्य एवं पोषण, बिजली, सड़क और दूरसंचार कनेक्टिविटी और स्थायी आजीविका के अवसरों तक बेहतर पहुंच स्थापित करके पीवीटीजी की सामाजिक-आर्थिक स्थितियों में सुधार लाना है। 

कितना है योजना का बजट?

योजना के लिए सरकार ने अनुसूचित जनजातियों संबंधी विकास कार्य योजना (डीएपीएसटी) के तहत वित्त वर्ष 2023-24 से 2025-26 तक 24,104 करोड़ रुपये का बजट का प्रावधान किया है। इसमें केंद्रीय हिस्सा 15,336 करोड़ रुपये और राज्य का हिस्सा 8,768 करोड़ रुपये का है। इसमें 9 प्रमुख संबद्ध मंत्रालयों/विभाग शामिल हैं। 

---विज्ञापन---

ये भी पढ़े – मोदी सरकार किसानों को PM Kisan के तहत ₹12000 देने की तैयारी में, पूरी खबर पढ़े

जगत पाल पिछले 7 वर्षों से कृषि पत्रकारिता कर रहे हैं। वे मंडी भाव, सरकारी कृषि योजनाओं, फसल बीमा, किसान रजिस्ट्री और कृषि व्यापार से जुड़ी खबरों की रिपोर्टिंग करते हैं। 2019 में उन्होंने ई-मंडी रेट्स की शुरुआत की, जहाँ वे रोज़ाना देशभर की मंडियों के भाव और कृषि नीतियों का विश्लेषण प्रकाशित करते हैं। वे [गंधेली/हनुमानगढ़] से हैं और ग्रेजुएशन कर चुके हैं।

Leave a Comment

WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now