Kal Ka Mousam: मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर और भारत मौसम विज्ञान विभाग ने 20 अगस्त को राजस्थान के लिए ताजा अपडेट जारी किया है।
पूर्वी भारत के ऊपर बना वेल मार्क लो प्रेशर अब कमजोर होकर सामान्य लो प्रेशर एरिया में बदल चुका है। और मानसून ट्रफ लाइन भी आज सामान्य स्थिति से हटकर उत्तर की तरफ खिसकी हुई है।
पश्चिमी राजस्थान में ज्यादातर सूखा रहेगा मौसम
जोधपुर और बीकानेर संभाग के लोगों के लिए साफ शब्दों में कहें तो अगले एक हफ्ते बारिश की उम्मीद कम है। ज्यादातर हिस्सों में मौसम शुष्क बना रहेगा। Kal Ka Mousam
गंगानगर, हनुमानगढ़, चुरु और आसपास के इलाकों में 21 से 23 अगस्त के दौरान कहीं-कहीं हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। तो अगर आप इन जिलों में रहते हैं, थोड़ी उम्मीद बनी हुई है।
पूर्वी राजस्थान में भी मानसून पड़ा कमजोर
उदयपुर, कोटा और अजमेर संभाग की तस्वीर भी कुछ अलग नहीं है। यहां भी मानसून परिस्थितियां कमजोर बनी रहेंगी, और अधिकांश भागों में अगले एक हफ्ते मौसम शुष्क रहने की प्रबल संभावना जताई गई है।
अब सवाल यह है कि क्या पूरा पूर्वी राजस्थान सूखा ही रहेगा? जवाब है — नहीं, पूरी तरह नहीं।
भरतपुर, जयपुर और शेखावाटी में बारिश के आसार
उत्तरी और उत्तर-पूर्वी हिस्सों की किस्मत थोड़ी अलग है। भरतपुर संभाग, जयपुर संभाग और शेखावाटी क्षेत्र के जिलों में 20 से 23 अगस्त के दौरान कुछ भागों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।
यानी अगर आप जयपुर या शेखावाटी बेल्ट में हैं, तो छाता साथ रखना बुरा आइडिया नहीं होगा। बाकी जगहों के लिए फिलहाल इंतजार ही करना होगा।
मानसून ट्रफ लाइन खिसकने का क्या मतलब
मौसम विभाग के मुताबिक मानसून ट्रफ लाइन का सामान्य से उत्तर की ओर होकर गुजरना ही राजस्थान के ज्यादातर हिस्सों में बारिश कमजोर पड़ने की मुख्य वजह है। जब ट्रफ लाइन उत्तर की तरफ खिसकती है, तो बारिश वाले सिस्टम भी उसी दिशा में ज्यादा सक्रिय होते हैं।
मैदानी और पश्चिमी इलाकों को फिलहाल राहत की बारिश के लिए और इंतजार करना पड़ सकता है। अभी यह साफ नहीं है कि अगले हफ्ते के बाद स्थिति में कोई बड़ा बदलाव आएगा या नहीं।
Aaj or Kal Ka Mousam
अगर आप किसान हैं और फसल की सिंचाई का प्लान बना रहे हैं, तो पश्चिमी राजस्थान में फिलहाल सिंचाई पर ही निर्भर रहना बेहतर होगा। जयपुर, भरतपुर और शेखावाटी क्षेत्र के लोग 20 से 23 अगस्त के बीच हल्की बारिश के लिए तैयार रह सकते हैं। मौसम विभाग का अगला अपडेट स्थिति और साफ करेगा, तब तक इन तारीखों पर नजर बनाए रखना ठीक रहेगा।










